Meta ने हटाया था PM मोदी का वीडियो, तकनीकी गड़बड़ी बताकर किया रीस्टोर; पेपर लीक पर दिया था बड़ा संदेश

Anand Kumar
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नई दिल्ली। सोशल मीडिया कंपनी Meta ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का वह फेसबुक वीडियो दोबारा बहाल (रीस्टोर) कर दिया है, जिसे कुछ समय के लिए प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया था। कंपनी ने मंगलवार को स्पष्ट किया कि वीडियो किसी नीति उल्लंघन के कारण नहीं, बल्कि तकनीकी गड़बड़ी की वजह से गलती से हट गया था।

यह वीडियो प्रधानमंत्री मोदी ने 23 जुलाई को साझा किया था, जिसमें उन्होंने जेन-जी और छात्रों को संबोधित करते हुए पेपर लीक को गंभीर समस्या बताया था और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिया था।

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Meta ने मानी तकनीकी गलती

वीडियो के अचानक फेसबुक से गायब होने के बाद सोशल मीडिया पर कई तरह के सवाल उठे थे। इसके बाद Meta ने सफाई देते हुए कहा कि यह एक तकनीकी त्रुटि थी और वीडियो को दोबारा प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध करा दिया गया है।

Meta

MeitY ने Meta अधिकारियों को किया तलब: रिपोर्ट

इस बीच, समाचार एजेंसी IANS ने सूत्रों के हवाले से दावा किया है कि इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने Meta के ग्लोबल हेड और कंपनी के ग्लोबल पब्लिक पॉलिसी प्रमुख को इस मामले में तलब किया है। हालांकि, मंत्रालय की ओर से इस संबंध में आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

पेपर लीक पर PM मोदी का संदेश

23 जुलाई की रात जारी लगभग 2 मिनट 56 सेकंड के वीडियो संदेश में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि पेपर लीक कोई मामूली विषय नहीं है, बल्कि यह लाखों छात्रों और उनके परिवारों के भविष्य से जुड़ा मुद्दा है।

उन्होंने कहा कि पिछले ढाई महीनों में सरकार ने कई कदम उठाए हैं, दोषियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है और छात्रों का शैक्षणिक वर्ष प्रभावित न हो, इसके लिए 22 लाख छात्रों की परीक्षा कम समय में कराई गई, जबकि 19 जुलाई को परिणाम भी घोषित कर दिए गए।

फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की बात कही

प्रधानमंत्री ने वीडियो में यह भी कहा था कि सरकार केवल कार्रवाई तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पेपर लीक मामलों के शीघ्र निपटारे के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने का निर्देश भी दिया गया है।

यह पूरा मामला 3 मई को आयोजित NEET UG परीक्षा के कथित पेपर लीक से जुड़ा हुआ है।

24 जुलाई को जारी किया था दूसरा वीडियो

इसके अगले दिन 24 जुलाई को प्रधानमंत्री मोदी ने एक और वीडियो जारी कर लोगों का धन्यवाद किया था। उन्होंने कहा कि पहले वीडियो पर मिले सकारात्मक सुझावों और प्रतिक्रियाओं के लिए वह सभी का आभार व्यक्त करते हैं और लोगों का यह स्नेह उन्हें आगे भी सक्रिय रहने की प्रेरणा देता रहेगा।

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वरिष्ठ पत्रकार आनंद कुमार करीब 30 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। उन्होंने एम.ए. (इतिहास), बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और एमबीए (मार्केटिंग) की शिक्षा प्राप्त की है। 1996 में 'प्रभात खबर', रांची से बतौर प्रशिक्षु पत्रकार करियर की शुरुआत करके 'हिन्दुस्तान' और 'अमर उजाला' जैसे राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके आनंद कुमार हिन्दुस्तान, जमशेदपुर के स्थानीय संपादक भी रहे हैं। इसके अलावा The Photon News अखबार सहित Lagatar.in तथा Newswing.com जैसे डिजिटल माध्यमों में संपादक पद का दायित्व संभाल चुके हैं। इसके अलावा आनंद कुमार कॉरपोरेट कम्यूनिकेशन/जनसंपर्क, प्रबंधन, सरकार/प्रशासन और मीडिया शिक्षण का भी गहन अनुभव रखते हैं। उन्होंने सरयू राय - एक नाम कई आयाम' नामक पुस्तक का संपादन भी किया है।
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