रांची। झारखंड की लाखों महिलाओं के लिए बड़ी खबर है। मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत सितंबर 2026 की सम्मान राशि लाभुक महिलाओं के बैंक खातों में ट्रांसफर की जा रही है। पात्र महिलाओं के खाते में 2,500 की राशि डीबीटी के माध्यम से भेजी जा रही है।
दुर्गा पूजा से पहले सरकार की ओर से सितंबर महीने की किस्त जारी किए जाने से लाभुक महिलाओं को बड़ी राहत मिली है। अलग-अलग जिलों में भुगतान की प्रक्रिया अलग-अलग स्तर पर आगे बढ़ रही है।
महिलाओं के खाते में सीधे पहुंच रहे 2500
मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। सितंबर महीने की राशि भी आधार आधारित डीबीटी के जरिए सीधे बैंक खातों में भेजी जा रही है।
रांची जिले में 3,93,994 लाभुक महिलाओं के खातों में सितंबर की राशि ट्रांसफर की गई है। इसके लिए कुल 98 करोड़ 49 लाख 85 हजार रुपये का भुगतान किया गया है।
इसी तरह साहिबगंज जिले में 1,71,302 महिलाओं को सितंबर की किस्त मिली है। प्रत्येक लाभुक को 2,500 रुपये के हिसाब से जिले में कुल 42 करोड़ 82 लाख 55 हजार रुपये का भुगतान किया गया है।
कई जिलों में भुगतान की प्रक्रिया जारी
सितंबर की किस्त का भुगतान चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। इससे पहले कोडरमा में लाभुक महिलाओं के खातों में राशि पहुंचने की जानकारी सामने आई थी। अब रांची समेत कई अन्य जिलों में भी भुगतान शुरू हो गया है।
इसका मतलब है कि जिन महिलाओं के खाते में अभी पैसा नहीं आया है, उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है। अलग-अलग जिलों में लाभुकों के सत्यापन और बैंकिंग प्रक्रिया पूरी होने के बाद राशि ट्रांसफर की जा रही है।
खाते में पैसा नहीं आया तो क्या करें?
अगर आप मंईयां सम्मान योजना की लाभुक हैं और सितंबर की किस्त अभी तक आपके खाते में नहीं आई है, तो सबसे पहले अपने बैंक खाते की स्थिति जांचें।
खास तौर पर इन चीजों की जांच कराएं—
- बैंक खाता आधार से लिंक है या नहीं
- आधार सीडिंग की स्थिति
- बैंक खाते में DBT सक्रिय है या नहीं
- e-KYC पूरा है या नहीं
- योजना में आपका आवेदन और लाभुक रिकॉर्ड सत्यापित है या नहीं
किसी तरह की तकनीकी समस्या होने पर संबंधित बैंक शाखा या नजदीकी CSC केंद्र से संपर्क किया जा सकता है।
हर महीने मिलते हैं 2500
मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये की सहायता दी जाती है। इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मनिर्भर बनाना है।
दुर्गा पूजा से ठीक पहले सितंबर की किस्त मिलने से बड़ी संख्या में परिवारों को त्योहार के दौरान अतिरिक्त आर्थिक सहारा मिलेगा।
झारखंड की महिलाओं के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह योजना?
मंईयां सम्मान योजना हेमंत सोरेन सरकार की प्रमुख योजनाओं में शामिल है। सरकार इसे महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण से जोड़कर देखती है। योजना के तहत मिलने वाली नियमित राशि से महिलाओं को अपनी छोटी-बड़ी जरूरतों के लिए परिवार के अन्य सदस्यों पर पूरी तरह निर्भर नहीं रहना पड़ता।
सितंबर की किस्त का भुगतान ऐसे समय हुआ है, जब राज्य में दुर्गा पूजा की तैयारियां जोर पकड़ रही हैं। ऐसे में खाते में पहुंचे 2500 रुपये महिलाओं के लिए त्योहार से पहले आर्थिक राहत भी माने जा रहे हैं।
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