New Delhi : राजधानी दिल्ली के प्रगति मैदान स्थित भारत मंडपम में आयोजित AI Impact Summit 2026 के दौरान शुक्रवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने सुरक्षा घेरा तोड़कर कार्यक्रम स्थल के भीतर प्रवेश कर विरोध-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी की और केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए।
घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं, जिनमें कुछ कार्यकर्ता प्रधानमंत्री के खिलाफ प्रदर्शन करते दिखाई दे रहे हैं। कार्यक्रम स्थल पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने हस्तक्षेप करते हुए स्थिति को नियंत्रित किया और बाद में प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया।
ट्रेड डील और आयोजन को लेकर आरोप
इंडियन यूथ कांग्रेस ने एक आधिकारिक बयान में कहा कि उनके कार्यकर्ता “देश की पहचान से समझौता करने” के आरोप को लेकर विरोध दर्ज कराने पहुंचे थे। संगठन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अमेरिका के साथ ट्रेड डील को लेकर समझौते का आरोप लगाया।
यह विरोध उस बयान के बाद हुआ जिसमें लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने समिट के आयोजन और नीति दिशा को लेकर सरकार की आलोचना की थी। उन्होंने आरोप लगाया था कि भारत के डेटा और प्रतिभा का समुचित उपयोग नहीं हो रहा है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने भी उठाए सवाल
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भी समिट के प्रबंधन पर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि आयोजन में अव्यवस्था रही और आगंतुकों व प्रदर्शकों को बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ा। हालांकि, इन आरोपों पर आयोजकों की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया की प्रतीक्षा है।
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दिल्ली पुलिस की कार्रवाई
दिल्ली पुलिस ने कहा है कि इंडियन यूथ कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के संबंध में कानूनी प्रक्रिया के तहत कार्रवाई की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, कार्यक्रम में कई प्रमुख प्रतिनिधि और उद्योग जगत के दिग्गज मौजूद थे, जिसके मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था सख्त रखी गई थी।
राजनीतिक और सुरक्षा संकेत
राष्ट्रीय स्तर के टेक्नोलॉजी कार्यक्रम में राजनीतिक विरोध की यह घटना सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक ध्रुवीकरण दोनों पर प्रश्नचिह्न खड़े करती है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इस मामले में क्या कानूनी कार्रवाई होती है और आयोजन प्रबंधन को लेकर क्या स्पष्टीकरण सामने आता है।
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