LPG सिलेंडर बुकिंग के नियमों में बड़ा बदलाव: अब 25 दिन बाद ही मिलेगी दूसरी रीफिल, जानें गैस की बढ़ती कीमतों और नए नियमों का पूरा गणित

Anand Kumar
4 Min Read

New Delhi : मिडिल ईस्ट में बढ़ते युद्ध के तनाव और घरेलू बाजार में गैस की जमाखोरी रोकने के लिए केंद्र सरकार ने एलपीजी (LPG) सिलेंडर की बुकिंग नियमावली में बड़ा बदलाव किया है। अब उपभोक्ताओं को एक सिलेंडर की डिलीवरी होने के बाद दूसरा सिलेंडर बुक करने के लिए 25 दिन का इंतजार करना होगा। इससे पहले यह ‘लॉक-इन पीरियड’ 21 दिन का था, जिसे अब बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है।

जमाखोरी रोकने के लिए सरकार का सख्त कदम

ईरान और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सप्लाई चेन प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। इसी पैनिक (घबराहट) के कारण कई उपभोक्ता जरूरत न होने पर भी सिलेंडर स्टॉक कर रहे थे। सरकार का मानना है कि बुकिंग के बीच 25 दिन का अंतर रखने से पैनिक बुकिंग पर लगाम लगेगी और उन जरूरतमंद परिवारों को आसानी से सिलेंडर मिल सकेगा, जिनके पास स्टॉक खत्म हो चुका है।

ऑनलाइन बुकिंग के दौरान अब उपभोक्ताओं को स्पष्ट मैसेज मिल रहा है कि “अगली बुकिंग पिछली डिलीवरी के 25 दिन बाद ही संभव है।”

यह भी पढ़ें – इजरायली हमले में ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई घायल, तेहरान ने कहा- ‘यह जंग हम पर थोपी गई है’

जेब पर दोहरी मार: 60 रुपये महंगा हुआ घरेलू सिलेंडर

आम आदमी के लिए यह बदलाव केवल नियमों तक सीमित नहीं है, बल्कि आर्थिक बोझ भी बढ़ गया है। सरकार ने 7 मार्च 2026 से घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में 60 रुपये का इजाफा कर दिया है।

  • दिल्ली में नयी दर: 14.2 किलोग्राम वाला सिलेंडर अब 913 रुपये का मिलेगा (पहले 853 रुपये था)।
  • कॉमर्शियल सिलेंडर: 19 किलोग्राम वाले सिलेंडर में 115 रुपये की बढ़ोतरी हुई है, जिससे इसकी कीमत 1883 रुपये हो गई है।

बता दें कि इससे पहले अप्रैल 2025 में कीमतों में 50 रुपये की बढ़ोतरी हुई थी। लगभग एक साल के अंतराल के बाद यह बड़ी वृद्धि की गई है।

ईंधन संकट की आशंका पर सरकार की सफाई

युद्ध की स्थितियों के बावजूद सरकार ने देशवासियों को आश्वस्त किया है कि भारत में ईंधन (Fuel) की कोई कमी नहीं है। सरकार ने अपनी रणनीति में निम्नलिखित बदलाव किए हैं:

  1. रूट में बदलाव: ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ में तनाव को देखते हुए भारत ने कच्चे तेल की सोर्सिंग के लिए वैकल्पिक समुद्री रास्तों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है।
  2. पेट्रोल-डीजल की कीमतें: अधिकारियों के अनुसार, जब तक कच्चा तेल अंतरराष्ट्रीय बाजार में 130 डॉलर प्रति बैरल के पार नहीं जाता, तब तक पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर रखे जाएंगे। वर्तमान में यह 100 डॉलर के आसपास है।
  3. ATF स्टॉक: विमानों के ईंधन (ATF) का भारत के पास पर्याप्त स्टॉक है। भारत न केवल इसका उत्पादन करता है बल्कि निर्यात भी कर रहा है।

यह भी पढ़ें – दिल्ली दंगा केस में शरजील इमाम को राहत, कोर्ट ने 10 दिन की अंतरिम जमानत दी

एनर्जी मैनेजमेंट में भारत बना ‘रोल मॉडल’

वैश्विक अस्थिरता के बीच जिस तरह से भारत ने अपने फ्यूल स्टॉक और सप्लाई चेन को मैनेज किया है, उसकी चर्चा दुनिया भर में हो रही है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, कई देशों ने भारत से संपर्क साधा है ताकि वे भारत की ‘स्टॉक मैनेजमेंट’ रणनीति को समझ सकें और अपने यहां लागू कर सकें।

Share This Article
Follow:
वरिष्ठ पत्रकार आनंद कुमार करीब 30 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। उन्होंने एम.ए. (इतिहास), बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और एमबीए (मार्केटिंग) की शिक्षा प्राप्त की है। 1996 में 'प्रभात खबर', रांची से बतौर प्रशिक्षु पत्रकार करियर की शुरुआत करके 'हिन्दुस्तान' और 'अमर उजाला' जैसे राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके आनंद कुमार हिन्दुस्तान, जमशेदपुर के स्थानीय संपादक भी रहे हैं। इसके अलावा The Photon News अखबार सहित Lagatar.in तथा Newswing.com जैसे डिजिटल माध्यमों में संपादक पद का दायित्व संभाल चुके हैं। इसके अलावा आनंद कुमार कॉरपोरेट कम्यूनिकेशन/जनसंपर्क, प्रबंधन, सरकार/प्रशासन और मीडिया शिक्षण का भी गहन अनुभव रखते हैं। उन्होंने सरयू राय - एक नाम कई आयाम' नामक पुस्तक का संपादन भी किया है।
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *