सिविल सेवा और CDPO परीक्षा रद्द करना सरकार का नीतिगत फैसला, JPSC ने हाईकोर्ट में रखा पक्ष

Anand Kumar
2 Min Read

झारखंड संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा एवं बाल विकास परियोजना पदाधकारी परीक्षा रद्द किए जाने के मामले में झारखंड लोक सेवा आयोग ने झारखंड हाईकोर्ट में वक्त अपना जवाब दाखिल कर दिया है। जेपीएससी ने अपने जवाब में यह स्पष्ट किया है कि दोनों परीक्षाओं को रद्द करने का निर्णय राज्य सरकार का है, जिसमें आयोग के अनुसार सरकार को परिस्थितियों के आधार पर इस तरह का नीतिगत निर्णय लेने का पूर्ण अधिकार है। दरअसल झारखंड से आयोग की सिविल सेवा परीक्षा और सीडीपीओ परीक्षा को राज्य सरकार ने रद्द कर दिया था, जिस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अलग-अलग याचिकाएं दाखिल की गई थीं।

संयुक्त सिविल परीक्षा रद्द किए जाने के खिलाफ आशीष अक्षत ने याचिका दायर की थी, जबकि सीडीपीओ परीक्षा के मामले में सुभाष बोरमू ने भी हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। झारखंड हाईकोर्ट में दाखिल अपने जवाब में जेपीएससी ने कहा है कि परीक्षा रद्द करने का निर्णय राज्य सरकार के अधिकार क्षेत्र में आता है एवं सरकार परिस्थितियों के अनुसार परीक्षा को रद्द करने का फैसला लेने के लिए स्वतंत्र है।

इसमें आयोग का यह भी कहना है कि परीक्षा रद्द करने संबंधी निर्णय सरकार का नीतिगत फैसला है। इन मामलों से पिछली सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने जेपीएससी को प्रति जवाब दाखिल करने पर निर्देश दिया था, जिसके अनुपालन में आयोग ने दोनों मामलों में अपना जवाब अदालत के समक्ष प्रस्तुत कर दिया और इन मामलों की अगली सुनवाई 15 सितंबर को होगी।

Share This Article
Follow:
वरिष्ठ पत्रकार आनंद कुमार करीब 30 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। उन्होंने एम.ए. (इतिहास), बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और एमबीए (मार्केटिंग) की शिक्षा प्राप्त की है। 1996 में 'प्रभात खबर', रांची से बतौर प्रशिक्षु पत्रकार करियर की शुरुआत करके 'हिन्दुस्तान' और 'अमर उजाला' जैसे राष्ट्रीय समाचार पत्रों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके आनंद कुमार हिन्दुस्तान, जमशेदपुर के स्थानीय संपादक भी रहे हैं। इसके अलावा The Photon News अखबार सहित Lagatar.in तथा Newswing.com जैसे डिजिटल माध्यमों में संपादक पद का दायित्व संभाल चुके हैं। इसके अलावा आनंद कुमार कॉरपोरेट कम्यूनिकेशन/जनसंपर्क, प्रबंधन, सरकार/प्रशासन और मीडिया शिक्षण का भी गहन अनुभव रखते हैं। उन्होंने सरयू राय - एक नाम कई आयाम' नामक पुस्तक का संपादन भी किया है।
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *